लाहौर – लाहौर हाईकोर्ट ने मुंबई हमले के मास्टरमाइंड हाफिज सईद की संभावित गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है। सईद ने मंगलवार को एक अर्जी दायर कर कहा था कि यूएन की एक जांच टीम इस हफ्ते पाकिस्तान आ रही है और सरकार भारत-अमेरिका के दबाव की वजह से उसे गिरफ्तार कर सकती है। सईद ने अपनी अर्जी में कहा था कि वो 142 स्कूल और 3 यूनिवर्सिटीज चलाता है। सोशल वेलफेयर के काम की वजह से उसकी गिरफ्तारी गलत होगी। यूएन टीम इस बात की जांच करेगी कि पाकिस्तान सरकार ने सईद और उसके संगठनों पर लगी बंदिशों पर कितना और किस तरह अमल किया है। सईद की तरफ से उसके वकील एके. डोगर ने मंगलवार को लाहौर हाईकोर्ट में एक पिटीशन दायर की थी। इसमें कहा गया था- भारत और अमेरिका के दबाव में पाकिस्तान सरकार मेरे मुवक्किल हाफिज मोहम्मद सईद को गिरफ्तार कर सकती है। सरकार को एेसा करने से रोका जाए। पिटीशन में सईद के हवाले से कहा गया- मैंने जमात-उद-दावा और फलाह-ए-इंसानियत फाउंडेशन जैसे सोशल वेलफेयर ऑर्गनाइजेशंस बनाए। इनके जरिए 142 स्कूल और तीन यूनिवर्सिटीज देश की बेहतरी के लिए बनाईं। मैं समाज के बेहतरी के लिए लंबे वक्त से काम कर रहा हूं।













