सूरत, 22 मार्च (प्रेस की ताकत)-राहुल गांधी ने 13 अप्रैल, 2019 को कर्नाटक के कोलार में एक चुनावी रैली में कहा कि नीरव मोदी, ललित मोदी, नरेंद्र मोदी का सरनेम कॉमन क्यों है? सारे चोरों का सरनेम मोदी ही क्यों है? इस बयान को लेकर बीजेपी विधायक और पूर्व मंत्री पूर्णेश मोदी ने राहुल के खिलाफ आपराधिक मानहानि का मुकदमा दायर किया था.
‘सभी चोरों का नाम मोदी क्यों रखा जाता है?’… कांग्रेस नेता राहुल गांधी को उनके बयान को लेकर दायर मानहानि के मुकदमे में दोषी ठहराया गया है। गुजरात के सूरत सत्र न्यायालय ने उन्हें 2 साल कैद की सजा सुनाई है। राहुल ने यह बयान 2019 में कर्नाटक की एक रैली में दिया था। राहुल के बयान को पूरे मोदी समुदाय का अपमान बताते हुए बीजेपी विधायक पूर्णेश मोदी ने उनके खिलाफ मामला दर्ज कराया था।
चार साल पुराने इस मामले में गुजरात की सूरत कोर्ट ने गुरुवार को राहुल को दोषी करार दिया. सुनवाई के दौरान राहुल गांधी कोर्ट में मौजूद थे. इस दौरान उनके साथ गुजरात कांग्रेस के तमाम बड़े नेता मौजूद रहे। राहुल आज दिल्ली से सूरत पहुंचे।
वहीं केंद्रीय कानून मंत्री किरेन रिजिजू से जब राहुल गांधी की सजा को लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जो भी कहते हैं, उससे नुकसान ही होता है. इससे न केवल कांग्रेस को नुकसान होता है बल्कि देश को भी नुकसान होता है।












