छिंदवाड़ा(भगवानदीन साहू)- देशभर के साधक इन दिनों अन्य जनहितैषी सेवाकार्यों के साथ-साथ महामहिम राष्ट्रपति , प्रधानमंत्री , सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश , राष्ट्रीय मानव अधिकार आयोग एवं अन्य उच्च अधिकारियों के नाम ज्ञापन पोस्ट कर रहें हैं। जिसमें सन्त श्री आशारामजी बापू पर हो रहे अत्याचार से सिस्टम को अवगत करवा रहें हैं । ज्ञापन में उल्लेख है कि एक बालिग लड़की को नाबालिग दिखाकर जोधपुर पुलिस ने संत आशारामजी बापू के खिलाफ फर्जी प्रकरण दर्ज किया। जब यह प्रकरण सिविल न्यायालय पहुंचा तो बचाव पक्ष ने बेगुनाही के हजारों गवाह और सबूत पेश किए । जिसमें आरोप लगाने वाली लड़की के वास्तविक जन्म प्रमाण पत्र , लड़की की मोबाइल कॉल डिटेल ; जिसमें तथाकथित घटना के वक्त वो उसके पुरुष मित्र के साथ 1.5 घण्टे मोबाइल में व्यस्त थी , मेडिकल रिपोर्ट जिसमें दुष्कर्म की कोई पुष्टि नही हुई । ऐसे अनगिनत सबूतों को न्यायालय ने देखना उचित नही समझा । साधकों ने ज्ञापन के साथ सबूतों के दस्तावेज भी संलग्न किये हैं । ऐसे लाखों आवेदन पत्र महामहिम राष्ट्रपति औऱ प्रधानमंत्री जी ने आवश्यक कार्यवाही हेतु राजस्थान सरकार को प्रेषित किये। परंतु कार्यवाही कुछ नहीं हुई । इस सम्बंध में सामाजिक कार्यकर्ता भगवानदीन साहू द्वारा दिनांक 13-01-2022 को एक R.T. I. आवेदन के माध्यम से जोधपुर पुलिस उपायुक्त से जानकारी लेने का प्रयास किया पर जोधपुर पुलिस ने जानकारी देने से मना कर दिया। इस देश मे आतंकवादियों के लिए , टुकड़े टुकड़े गैंग के लिए , पत्थरबाजों के लिए , देशद्रोहियों के लिए मानव अधिकार आयोग है पर एक संत के लिए नही !? दिनांक 12-04-2022 के आवेदन पत्र पर राष्ट्रीय मानव अधिकार आयोग ने प्रकरण दर्ज किया , जिसका क्रमांक 1710 /20 / 19 /2022 है। आवेदनकर्ता को मोबाईल पर संदेश द्वारा सूचित किया । इस प्रकार के संदेश मानव अधिकार आयोग द्वारा देश के लाखों लोगों को भेजे गए हैं। राष्ट्रीय मानव अधिकार आयोग की इस पहल से साधको में हर्ष व्याप्त है। ज्ञापन प्रेषित करने वालो में साध्वी रेखा बहन , साध्वी प्रतिमा बहन , शिक्षाविद विशाल चवुत्रे , आधुनिक चिंतक हरशुल रघुवंशी , कुनबी समाज के युवा नेता अंकित ठाकरे , राष्ट्रीय बजरंग दल के नितेश साहू , पवार समाज के हेमराज पटले , कलार समाज के प्रमुख सुजीत सूर्यवंशी , आई. टी. सेल के प्रभारी भूपेश पहाड़े , युवा सेवा संघ के नितिन दोईफोड़े , ओमप्रकाश डहेरिया , महिला समिति से विमल शेरेके , डॉ. मीरा पराडकर , छाया सूर्यवंशी ,करुणेश पाल , शकुन्तला कराडे , योगिता पराडकर , वनीता सनोडिया मुख्य रूप से उपस्थित थे। उक्त जानकारी समिति के मीडिया प्रभारी भगवानदीन साहू ने दी।
