नई दिल्ली, 13 जनवरी 2026
दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के अध्यक्ष सरदार हरमीत सिंह कालका ने जानकारी देते हुए बताया कि मातृभाषा पंजाबी के स्तर को ऊँचा उठाने और गुरमुखी लिपि के प्रचार-प्रसार के लिए दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी द्वारा एक अनूठी एवं ऐतिहासिक पहल की गई है। इस पहल के अंतर्गत श्री गुरु तेग़ बहादुर खालसा कॉलेज (दिल्ली विश्वविद्यालय) में गुरमुखी लिपि के केंद्र की आधारशिला आज दिल्ली सरकार के कैबिनेट मंत्री सरदार मनजिंदर सिंह सिरसा द्वारा रखी गई।
इस विशेष कार्यक्रम में सरदार तरलोचन सिंह, पूर्व राज्यसभा सदस्य, दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के सदस्यगण, कॉलेज प्रबंधन, शिक्षक वर्ग तथा बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।
सरदार हरमीत सिंह कालका ने कहा कि गुरमुखी लिपि हमारी धार्मिक, सांस्कृतिक और साहित्यिक विरासत की रीढ़ है। यह केंद्र युवा पीढ़ी को मातृभाषा से जोड़ने, गुरमुखी के वैज्ञानिक एवं अकादमिक अध्ययन को प्रोत्साहित करने तथा पंजाबी भाषा को वैश्विक स्तर पर सशक्त बनाने में एक मील का पत्थर सिद्ध होगा।
उन्होंने इस शुभ अवसर पर कॉलेज के समस्त प्रबंधन, स्टाफ और विद्यार्थियों को हार्दिक बधाई देते हुए आशा व्यक्त की कि यह केंद्र भाषाई चेतना, अध्ययन और अनुसंधान का प्रमुख केंद्र बनकर पंजाबी भाषा की गरिमा को नई दिशा प्रदान करेगा।













