नई दिल्ली, 28-02-23 (प्रेस की ताकत ब्यूरो): तीन साल बाद दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (डीएसजीएमसी) लाल किले पर दिल्ली फतेह दिवस मनाएगी। छह से नौ अप्रैल तक होने वाले इस कार्यक्रम की तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। इस मौके पर विशेष मार्च निकालने के साथ ही नगर कीर्तन और खलसाई खेल गतका निकाला जाएगा। जीएसजीएमसी के अध्यक्ष हरमीत सिंह कालका ने कहा कि पिछले वर्षों में कोरोना महामारी के कारण कार्यक्रम नहीं हो सका था. इस बार धूमधाम से कार्यक्रम होगा। समिति के पदाधिकारियों ने शिरोमणि पंथ अकाली बुद्ध दल पांचवें तख्त के प्रधान बाबा बलबीर सिंह के साथ बैठक कर कार्यक्रम की रूपरेखा तय की है. यह कार्यक्रम 2014 से बाबा जस्सा सिंह रामगढ़िया, बाबा जस्सा सिंह अहलूवालिया और बाबा बघेल सिंह के नेतृत्व में लाल किले पर मुगल शासक को हराकर सिखों की जीत के उपलक्ष्य में आयोजित किया जा रहा है। कालका ने कहा कि इस साल बाबा जस्सा सिंह रामगढ़िया की 300वीं जयंती है। अकाल तख्त साहिब के पूर्व जत्थेदार फूला सिंह का 200वां शहीदी दिवस भी है। इस बार यह कार्यक्रम इन्हीं दोनों योद्धाओं को समर्पित होगा। डीएसजीएमसी के महासचिव जगदीप सिंह काहलों ने कहा कि कार्यक्रम के दौरान संगत गुरु साहिब के प्राचीन हथियारों को देख सकेगी। छह अप्रैल को अमृतसर के श्री अकाल तख्त साहिब और रामगढ़िया बुंगा से नगर कीर्तन निकाला जाएगा। नगर कीर्तन पंजाब के विभिन्न स्थानों से होते हुए 7 अप्रैल को दिल्ली पहुंचेगा। कार्यक्रम के अंतिम दिन नौ अप्रैल को खालसाई मार्च निकाला जाएगा।












